हलके में मत लेना तुम सावले रंग को दूध से कहीं ज्यादा देखे है मैंने शौक़ीन चाय के।

चाय की चुस्की के साथ अक्सर कुछ गम भी पीता हूं, मिठास कम है जिंदगी में मगर जिंदादिली से जीता

मोहब्बत हो या चाय, एकदम कड़क होनी चाहिए

जब ये लब चाय और तेरे लबों को छू लेते है, तो हम एक पल में सदियां जी लेते है

चाय दूसरी एसी चीज़ है, जिससे आंखें खुलती है, धोखा अभी भी पहले नम्बर पर है

उसे पसंद नही मेरा चाय से रिश्ता इसलिए अब चाय और मै छुप छुप के मिला करते है

सभी सिसकियों की हाय लाया हूं, अहल-ए-गम बैठों जरा मैं चाय लाया हूं

एक तेरा ख़्याल ही तो है मेरे पास. वरना कौन अकेले में बैठे कर चाय पीता है

तुम और चाय जब मुझे एक साथ मिलते हो यकीन मानो उससे खूबसूरत लम्हा कोई और नहीं होता

चाय बनने से लेकर ग्लास में भरने तक का वक़्त बड़ा ही बैचैनी से भरा होता है

एक तेरा सांवला रंग और एक ये चाय दोनों एक दिन मेरी जान लेकर रहेंगे

चाय पीते वक्त चर्चा और गर्लफ्रेंड बनाते वक्त खर्चा हम बिल्कुल नहीं करते है, इसलिए खुश रहते है।

सांवला है रंग, थोड़ा कड़क मिजाज है, सुनो तुम पसंद हो हमे तुम्हारा चाय सा स्वाद है

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